ग्रामीण प्रज्ञा केंद्र संख्या वृद्धि , मुख्यमंत्री जी ने ग्रामीण क्षेत्रों में प्राइवेट केंद्र की संख्या बढ़ाने का दिया विचार
ग्रामीण प्रज्ञा केंद्र संख्या वृद्धि मुख्यमंत्री जी, ग्रामीण क्षेत्रों में प्रज्ञा केंद्रों की संख्या बढ़ाने का विचार अच्छा है, क्योंकि इससे ग्रामीणों को प्रखंड कार्यालय का चक्कर नहीं लगाना पड़ेगा और वे आसानी से अपने लोकल एरिया में विभिन्न सरकारी सुविधाओं और सेवाओं का लाभ उठा सकेंगे। प्रज्ञा केंद्रों के माध्यम से ग्रामीण आबादी को विभिन्न सरकारी योजनाओं, वित्तीय सेवाओं, जनस्वास्थ्य सेवाओं, बैंकिंग सुविधाओं, खेलकूद और शिक्षा संबंधी सुविधाओं के लिए उचित जानकारी और सहायता मिलेगी। इसके लिए कुछ कदम निम्नलिखित हो सकते हैं: पहले, ग्रामीण क्षेत्रों में प्रज्ञा केंद्रों की व्यापक जांच की जानी चाहिए ताकि स्थानीय आवश्यकताओं को पहचाना जा सके और सरकारी सुविधाओं की सूची तैयार की जा सके। इसके बाद, ग्रामीण क्षेत्रों में प्रज्ञा केंद्रों की संख्या बढ़ाने के लिए नए केंद्रों की स्थापना की जा सकती है। इन केंद्रों को ग्रामीण क्षेत्रों के